देवभोग। मौसम में लगातार हो रहे बदलाव का असर अब लोगों की सेहत पर साफ दिखाई देने लगा है। कभी तेज धूप तो कभी अचानक बादल और बारिश के कारण मौसमी बीमारियों के मरीजों की संख्या बढ़ गई है। देवभोग अस्पताल की ओपीडी में इन दिनों रोजाना 150 से अधिक मरीज इलाज के लिए पहुंच रहे हैं। अस्पताल पहुंचने वाले मरीजों में सर्दी, खांसी, बुखार, गले में खराश, वायरल संक्रमण और शरीर में दर्द जैसी शिकायतें अधिक सामने आ रही हैं।
सुबह और शाम के समय मौसम में ठंडक तथा दिन में गर्मी के कारण लोगों के स्वास्थ्य पर विपरीत असर पड़ रहा है। खासकर बच्चे और बुजुर्ग मौसम के बदलाव से जल्दी प्रभावित हो रहे हैं। अस्पताल की ओपीडी में सुबह से ही मरीजों की कतार दिखाई दे रही है। कई मरीज परिवार के अन्य सदस्यों को भी जांच के लिए अस्पताल लेकर पहुंच रहे हैं।
गांवों से भी पहुंच रहे मरीज
देवभोग मुख्यालय के अलावा आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों से भी बड़ी संख्या में लोग उपचार के लिए अस्पताल पहुंच रहे हैं। ग्रामीण इलाकों में सर्दी-बुखार और खांसी की शिकायत बढ़ने से अस्पताल की ओपीडी पर दबाव बढ़ा है। मरीजों की संख्या बढ़ने के कारण पंजीयन काउंटर से लेकर डॉक्टरों के कक्ष तक भीड़ नजर आ रही है।
बच्चों में सर्दी-बुखार के मामले ज्यादा
मौसम में उतार-चढ़ाव का सबसे ज्यादा असर बच्चों पर देखने को मिल रहा है। अभिभावक बच्चों में बुखार, नाक बहने, खांसी और गले में दर्द की शिकायत लेकर अस्पताल पहुंच रहे हैं। बीएमओ डॉक्टर प्रकाश साहू का कहना है कि बदलते मौसम में बच्चों को अचानक गर्मी से ठंडे वातावरण में जाने से बचाना चाहिए लगातार बुखार रहने, सांस लेने में परेशानी, अत्यधिक कमजोरी या अन्य गंभीर लक्षण होने पर तत्काल डॉक्टर से जांच कराने की सलाह दी गई है।
डॉक्टर की सलाह: मौसम बदलने के दौरान साफ पानी पीऐ, ताजा और गर्म भोजन करें, हाथों की स्वच्छता का ध्यान रखे।



