उत्तर प्रदेश के बिजनौर में पुलिस थाने के ऑफिशियल व्हाट्सऐप ग्रुप में अश्लील वीडियो पोस्ट करने के आरोप में एक थाना प्रभारी (SHO) को सस्पेंड कर दिया गया है। पुलिस क्षेत्राधिकारी (नगीना) राजेश सोलंकी ने बताया कि बढ़ापुर थाना प्रभारी नीरज कुमार ने इस ग्रुप में वीडियो पोस्ट किया था। बताया जा रहा है कि वीडियो पोस्ट किए जाने के कुछ ही समय बाद उसे हटा दिया गया लेकिन तब तक कुछ पुलिसकर्मियों ने उसे डाउनलोड कर लिया और उसके स्क्रीनशॉट भी ले लिए। मामला सामने आने के बाद पुलिस अधीक्षक कृष्ण कुमार बिश्नोई ने जांच के आदेश दिए।
जांच टीम ने SP को सौंपी रिपोर्ट
मामले की जांच के लिए एक टीम गठित की गई। टीम ने सोमवार को थाने का दौरा किया और पुलिसकर्मियों के बयान दर्ज किए। दरअसल, पुलिस टीम को यह पता लगाने की जिम्मेदारी दी गई थी कि आधिकारिक व्हाट्सऐप ग्रुप में वीडियो कब और कैसे शेयर किया गया। इस हफ्ते की शुरुआत में जांच टीम बढ़ापुर थाने पहुंची। इस दौरान टीम ने वहां मौजूद पुलिसकर्मियों से पूछताछ की और उनके बयान दर्ज किए। जांच पूरी होने के बाद टीम ने अपनी रिपोर्ट एसपी को सौंप दी।
अधिकारियों ने बताया कि एसपी ने बुधवार शाम नीरज कुमार को कदाचार के आरोप में सस्पेंड कर दिया और विभागीय जांच के आदेश दिए हैं।
वीडियो में दिख रहा था महिला का चेहरा
आरोप है कि वीडियो अश्लील था जिसमें महिला का चेहरा साफ दिखाई दे रहा था, जबकि पुरुष का चेहरा छिपा हुआ था। अधिकारियों के मुताबिक, उपलब्ध जानकारी में वीडियो में दिखाई देने वाले लोगों और उसमें सुनाई देने वाली आवाज वाले शख्स की पहचान की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। एसपी ने निलंबन की पुष्टि करते हुए कहा कि विभागीय कार्रवाई जारी है।



