जशपुरनगर। दंपत्ति का सामाजिक बहिष्कार समाप्त करने के नाम पर 1 लाख रूपये वसूली के मामले में पुलिस ने बंजारा समाज के तत्कालिन अध्यक्ष शेखर प्रसाद बंजारा को गिरफ्तार किया है। इस मामले में पुलिस तीन आरोपितों को फरार बता रही है।
मामला जिले के पत्थलगांव थाना क्षेत्र का है। पत्थलगांव के एसडीओपी धु्रवेश कुमार जायसवाल ने बताया कि पत्थलगांव थाना क्षेत्र के बटुराबहार निवासी गोपाल बंजारा 31 वर्ष ने कोरबा के न्यायिक मजिस्ट्रेट न्यायालय में एक परिवाद दायर किया था। इस परिवाद में प्रार्थी ने आरोप लगाया था कि वह और उसकी पत्नी बंजारा समाज से आते हैं। दोनों ने अगस्त 2026 में रायपुर के आर्य मंदिर में विवाह किया था।
विवाह के बाद बंजारा समाज ने पति पत्नी का गोत्र एक होने का हवाला देते हुए,उनका सामाजिक बहिष्कार कर दिया था। पीड़ित गोपाल के अनुसार जब उसने समाज में फिर से शामिल होने के लिए समाज के तात्कालिन अध्यक्ष शेखर प्रसाद बंजारा,सचिव महेंद्र बंजारा और वर्तमान अध्यक्ष नंदकिशोर बंजारा,सचिव श्यामलाल बंजारा के पास आवेदन दिया तो उन्होनें इसके एवज में रूपये की मांग की।
पीड़ित के अनुसार तात्कालिन प्रदेश अध्यक्ष शेखर बंजारा ने समाज में वापसी के लिए दो लाख रूपये की मांग की। उसने 23 सितंबर 2022 को अलग-अलग खाते में एक लाख रूपये ट्रांसफर कर दिये। इसके बाद समाज के पदाधिकारियों ने और रकम की मांग करनी शुरू कर दी। इस पीड़ित ने कोरबा के रामपुर के सिविल लाईन थाना में आवेदन देकर कार्रवाई की मांग की। पुलिस द्वारा कार्रवाई ना किये जाने पर पीड़ित ने न्यायालय में परिवाद दायर किया था।
न्यायिक मजिस्ट्रेट ने अपने निर्णय पर कोरा के सिविल लाईन रामपुर थाना को तत्काल एफआईआर दर्ज करने का निर्देश दिया था। चूंकी इस मामले का घटना स्थल जशपुर के पत्थलगांव थाना क्षेत्र में आता है इसलिए न्यायालय के निर्देश के अनुसार आरोपित शेखर बंजारा,महेंद्र बंजारा,नंदकिशोर बंजारा,श्यामलाल बंजारा के विरूद्व बीएनएस की धारा 308 (2),61 (2), 3 (5) और नागरिक अधिकार संरक्षण अधिनियम 1955 की धारा 7 (2) के अंर्तगत अपराध पंजिबद्व किया गया है।
एसडीओपी जायसवाल ने बताया कि विवेचना के दौरान पत्थलगांव पुलिस ने प्रार्थी और गवाहों के बयान दर्ज करने के साथ ही बैंक खातों की जानकारी भी जुटाई गई। साक्षकयों के आधार पर कार्रवाई करते हुए बटुराबहार से आरोपित शेखर प्रसाद बंजारा को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड में जेल भेज दिया गया है।
कोरबा न्यायालय के निर्देश पर सामाजिक बहिष्कार समाप्त करने के एवज में रूपये लेने के मामले में एफआईआर दर्ज करते हुए,एक आरोपित को गिरफ्तार किया गया है। अन्य आरोपित फरार हैं। जिनकी तलाश की जा रही है।’’
धुर्वेश जायसवाल,एसडीओपी,पत्थलगांव



