रायपुर। छत्तीसगढ़ राज्योत्सव इस बार रोमांच, संगीत और लोकसंस्कृति के अनूठे संगम का साक्षी बनेगा। नवा रायपुर के अटल नगर स्थित डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी उद्योग एवं व्यापार परिसर मेला ग्राउंड में एक से तीन नवंबर तक आयोजित होने वाले राज्योत्सव में भारतीय वायु सेना की सारंग हेलीकॉप्टर डिस्प्ले टीम एयरोबेटिक शो के जरिए दर्शकों को रोमांचित करेगी। वहीं, बॉलीवुड के लोकप्रिय गायक-गायिकाओं की प्रस्तुतियां आयोजन में चार चांद लगाएंगी। इसके साथ ही प्रदेश की विकास यात्रा, सरकारी योजनाओं और समृद्ध लोकसंस्कृति की झलक भी देखने को मिलेगी।
सारंग टीम का एयरोबेटिक शो होगा मुख्य आकर्षण
राज्योत्सव का प्रमुख आकर्षण भारतीय वायु सेना की सारंग हेलीकॉप्टर डिस्प्ले टीम का एयरोबेटिक शो होगा। दो नवंबर को नवा रायपुर के सेंध लेक क्षेत्र में आयोजित होने वाले इस प्रदर्शन में स्वदेशी एचएएल ध्रुव हेलीकॉप्टरों के जरिए आसमान में हैरतअंगेज करतब दिखाए जाएंगे। हेलीकॉप्टरों की सामूहिक उड़ान और आपसी समन्वय के साथ प्रस्तुत की जाने वाली कलाबाजियां दर्शकों के लिए खास आकर्षण रहेंगी।
उल्लेखनीय है कि पिछले वर्ष राज्योत्सव में सूर्य किरण टीम ने फाइटर जेट के जरिए एयरोबेटिक प्रदर्शन किया था। इस बार स्वदेशी हेलीकॉप्टरों की सारंग टीम अपने अनूठे प्रदर्शन से दर्शकों को रोमांच का नया अनुभव देगी।
पलक मुछाल, स्वस्ति मेहुल और अभिजीत भट्टाचार्य देंगे प्रस्तुति
राज्योत्सव के सांस्कृतिक कार्यक्रमों में संगीत प्रेमियों के लिए भी खास इंतजाम किए गए हैं। आयोजन के पहले दिन एक नवंबर को बॉलीवुड गायिका पलक मुछाल अपनी प्रस्तुति देंगी। दूसरे दिन दो नवंबर को गायिका स्वस्ति मेहुल अपनी आवाज का जादू बिखेरेंगी, जबकि तीन नवंबर को समापन दिवस पर गायक अभिजीत भट्टाचार्य की प्रस्तुति होगी।
बॉलीवुड कलाकारों के साथ छत्तीसगढ़ के स्थानीय कलाकार भी मंच पर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगे। इससे राज्योत्सव में आधुनिक संगीत के साथ क्षेत्रीय कला और संस्कृति का संगम देखने को मिलेगा।
विभागीय प्रदर्शनियों में दिखेगी विकास की तस्वीर
राज्योत्सव परिसर में विभिन्न शासकीय विभागों की प्रदर्शनियां भी लगाई जाएंगी। कृषि, वन, शिक्षा, स्वास्थ्य और लोक निर्माण सहित अन्य विभाग अपनी उपलब्धियों, योजनाओं और जनकल्याणकारी कार्यक्रमों की जानकारी देंगे। आम नागरिकों को सरकारी योजनाओं की पात्रता और उनका लाभ लेने की प्रक्रिया समझने का अवसर भी मिलेगा।
आयोजन की थीम में ईज ऑफ डूइंग बिजनेस, मानव पूंजी विकास, विकसित भारत और अंजोर छत्तीसगढ़ जैसे विषयों को प्रमुखता दी जाएगी। इनके माध्यम से प्रदेश के विकास, निवेश की संभावनाओं और भविष्य की प्राथमिकताओं को प्रदर्शित किया जाएगा।
लोकनृत्यों और लोकगीतों से सजेगा मंच
राज्योत्सव में छत्तीसगढ़ की समृद्ध लोकसंस्कृति भी आकर्षण का केंद्र रहेगी। बस्तर, सरगुजा और प्रदेश के अन्य क्षेत्रों से आने वाले कलाकार पंथी, करमा, राउत नाचा, सुआ और गौर मांदरी जैसे पारंपरिक लोकनृत्यों एवं लोकगीतों की प्रस्तुतियां देंगे। इन कार्यक्रमों के माध्यम से प्रदेश की विविध सांस्कृतिक परंपराओं और लोककलाओं को मंच मिलेगा।
इसके अलावा, विभिन्न विभागों की ओर से 40 राज्य स्तरीय अलंकरण एवं पुरस्कार प्रदान किए जाएंगे। इस तरह तीन दिवसीय राज्योत्सव में हवाई रोमांच, बॉलीवुड संगीत, लोककला, सरकारी योजनाओं की जानकारी और प्रदेश की विकास उपलब्धियां एक ही मंच पर देखने को मिलेंगी।



